चमोली। जनपद के पर्वतीय क्षेत्रों में रसोई गैस रीफिलिंग के दौरान ओटीपी (OTP) की समस्या सामने आई है.स्थानीय उपभोक्ता बंसती देवी, प्रीति देवी, मंजू देवी, पुष्पा राणा और ललित खंडूरी ने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि डिजिटल व्यवस्था के नाम पर बुनियादी सुविधाओं के लिए जनता को परेशान किया जा रहा है। वहीं, इण्डेन गैस एजेंसी के कर्मचारी रणवीर सिंह बिष्ट का कहना है कि विभागीय नियमों के अनुसार बिना ओटीपी या बायोमेट्रिक सत्यापन के सॉफ्टवेयर में ट्रांजैक्शन पूरा नहीं होता, जिससे वितरण प्रक्रिया बाधित हो रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पहाड़ों की विषम भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए इस प्रक्रिया के सरलीकरण की मांग की है।

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