December 3, 2022

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कैबिनेट फैसला: खेल नीति पास, भोजन माताओं और पीआरडी जवानों का वेतन बढ़ा, जानिए महत्वपूर्ण फैसले

देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता हुई कैबिनेट की बैठक में अहम फैसले लिए गए हैं. मंगलवार को कैबिनेट में 30 से अधिक प्रस्ताव लाए गए थे. जिनपर मुहर लग गई है।

इन प्रस्तावों पर लगी मुहर
उत्तराखंड की खेल नीति पर कैबिनेट ने मुहर लगा दी है. आठ साल से बच्चों को खेलो के प्रति प्रोत्साहित करने की योजना है।

भोजन माताओं का वेतन 1 हजार रुपए बढ़ाया गया है. इसके साथ ही PRD जवानों का भी वेतन बढ़ाया गया है।

ST/SC और बीपीएल परिवारों को 3.12 एकड़ तक की भूमि विनियमीकरण माफ किया गया है।

– नयी खेल नीति-2021 के प्रस्ताव पर कैबिनेट ने लागई मुहर।
– होमस्टे योजना की नियमावली में किया गया संशोधन।
– केदारनाथ में निविदा को बढ़ाने का लिया फैसला।
– लीज लैंड पर भी बना सकेंगे होम स्टे।
– ट्रांसमिशन लाइन निर्माण के लिए भारत सरकार की गाइडलाइन को किया गया एडॉप्ट।
– कंप्यूटर अनुभव की अनिवार्यता को किया गया समाप्त।
– मेगा इंडस्ट्रियल एवं इन्वेस्टमेंट नीति -2021 को किया गया लागू।
– भोजन माताओ के वेतन में 1 हजार की बढ़ोतरी करने का लिया फैशला।

– पीआरडी जवानों का 21 सो रुपये की बृद्धि कैबिनेट ने की मंजूर।

– वन विकास निगम में स्केलर के पद पर एसीपी करने का लिया निर्णय।
– भूमि विनियमितयीकरण को मंजूरी।
– पार्किंग की समस्या को दूर करने के लिए केविटी पार्किंग को मंजूरी।
– बद्रीनाथ में मास्टर प्लान के चलते सहमति के आधार पर सर्किल रेट के 2 गुना भुगतान किया जाएगा।
– मेडिकल की फीस इसी वर्ष से लागू होगी
– प्रत्येक न्याय पंचायत में 6500 लाभार्थियों को मधु ग्राम के तहत प्रत्येक व्यक्ति को 20 बॉक्स दीए जाएंगे।
– सभी जिला न्यायालयों में एविडेन्स के लिए जाने में  वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये मोबाइल से साक्ष्य देने को मंजूरी
– मेगा टैक्सटाइल पार्क पालिसी में किया गया संसोधन।
– इको टूरिज्म में 9 पद किये गए सृजित।
– लॉकडाउन के समय मे बंद शराब की दुकानों में राजस्व को किया गया माफ।
– सोसाइटी रजिस्ट्रेशन एक्ट में संसोधन।
– विधानसभा सत्र के लिए पूर्व में घोषित तिथियों को लिया वापिस।

नई खेल नीति:

खेल प्रतिभाओं को आरम्भिक आयु 08 वर्ष से ही पहचानने एवं उनको तराशने हेतु प्रतिभा श्रृंखला विकास योजना PSAT Physical and Sports Aptitude Test) को लागू किया जायेगा।

राज्य के उदीयमान खिलाड़ियों को प्रतिवर्ष आवश्यक बैट्री टेस्ट एवं उसकी दक्षता की मैरिट के आधार पर 08 वर्ष से 14 वर्ष तक की आयु के बालक-बालिकाओं प्रति जनपद 150-150 प्रति जनपद अर्थात पूरे राज्य में 1950 बालकों एवं 1950 बालिकाओं कुल 3900 उदीयमान खिलाड़ियों को मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन योजना अन्र्न्तगत धनराशि रू0 1500 प्रतिमाह उपलब्ध करायी जाएगी।

राज्य के प्रतिभावान खिलाड़ियों को उनकी खेल सम्बन्धी आवश्यकताओं की पूर्ति से उन्हें खेलों में और अधिक मनोयोग से प्रतिभाग करने हेतु 14 वर्ष से 23 वर्ष तक की आयु के प्रतिभावान खिलाड़ियों को जनपद स्तर पर छात्रवृत्ति, खेल किट, ट्रैकसूट एवं खेल संबंधी अन्य उपस्कर आदि उपलब्ध कराये जाएंगे।

प्रतिवर्ष यह सुविधा प्रति जनपद 100-100 ( कुल 2600) प्रतिभावान बालक-बालिकाओं को प्रति खिलाड़ी रू० 2000 प्रतिमाह की छात्रवृत्ति उपलब्ध कराई जायेगी एवं खेल उपस्कर हेतु प्रतिवर्ष धनराशि रू0 10 हजार की सीमा तक मुख्यमंत्री खिलाड़ी प्रोत्साहन कार्यक्रम अन्तर्गत उपलब्ध करायी जाएगी।

राज्य की सेवाओं में उच्च स्तर पर आयोजित प्रतियोगिताओं में पदक विजेताओं को समूह ख एवं ग में चयनित विभागों के चयनित पदों पर Out of Tura नियुक्ति प्रक्रिया का सरलीकरण किया जायेगा।

स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी की स्थापना करने के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने हेतु मेजर ध्यानचंद निजी क्षेत्र खेल प्रतिभागिता प्रोत्साहन कोष की स्थापना की जाएगी। खिलाड़ियों के पुरस्कार राशि में 30 प्रतिशत से 50 प्रतिशत की वृद्धि
प्रतिवर्ष पदक विजेता खिलाड़ियों को दी जाने वाली पुरस्कार की धनराशि में 30 प्रतिशत से 50
प्रतिशत की वृद्धि की जायेगी।

राज्य के उत्कृष्ट खिलाड़ियों को राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर के खेल प्रशिक्षण एवं राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने के समय होने वाली खेल दुर्घटनाओं / खेल इन्जरी
खेल नीति 2021
एवं अन्य खेल आकस्मिकताओं के दृष्टिगत बीमा अथवा आर्थिक सहायता खेल विभाग द्वारा उपलब्ध करायी जाएगी।

राष्ट्रीय / अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को राज्य / राष्ट्रीय / अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं तथा प्रशिक्षण शिविरों में प्रतिभाग करने हेतु राज्य परिवहन निगम की बसों में निःशुल्क यात्रा हेतु सुविधा उपलब्ध करायी जाएगी।

ग्राम पंचायत स्तर से राज्य स्तर तक एवं विद्यालय / महाविद्यालय स्तर तक कमबद्ध रूप से खेल अवस्थापना सुविधाओं का विकास किया जायेगा। जिससे राज्य खेल ग्रिड का निर्माण होगा।

राज्य के खिलाड़ियों प्रशिक्षकों एवं निर्णायकों के कौशल विकास हेतु खेल विकास संस्थान की स्थापना की जायेगी। जिसके अन्तर्गत वैज्ञानिक, मनोवैज्ञानिक एवं तकनीकी प्रशिक्षण।

राज्य के प्रतिभावान खिलाड़ियों को शैक्षणिक, तकनीकी एवं विश्वविद्यालय आदि में प्रवेश हेतु 5 प्रतिशत का खेल कोटा उपलब्ध कराया जायेगा।

राज्य में खेलों के अवस्थापना सुविधाओं के विकास संचालन, अनुरक्षण खिलाड़ियों के प्रशिक्षण, प्रोत्साहन एवं खेलों से जुड़े विविध कार्यों हेतु मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री खेल विकास निधि विकसित की जायेगी।

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