25 August 2026

राम वनवास प्रसंग ने भावुक किया जनमानस, जीवंत अभिनय से छलकी श्रद्धालुओं की आँखें

​ज्योतिर्मठ। धार्मिक नगरी ज्योतिर्मठ के गांधी मैदान में नरसिंह नवदुर्गा सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित रामलीला महायज्ञ के चौथे दिन ‘राम वनवास’ के अत्यंत भावुक प्रसंगों का मंचन किया गया। जैसे ही मंच पर माता कैकेयी द्वारा राम के लिए चौदह वर्ष का वनवास और भरत के लिए राजसिंहासन मांगने का दृश्य उभरा, पूरा पांडाल शांत हो गया। कौशल्या-राम मिलाप और सुमित्रा-लक्ष्मण संवाद के दौरान कलाकारों के जीवंत अभिनय ने दर्शकों को इस कदर भावुक किया कि पांडाल में मौजूद हर श्रद्धालु की आँखें छलक उठीं। राम, लक्ष्मण और माता सीता के वन गमन की विदाई देख जनमानस भाव-विभोर हो उठा। गौरतलब है कि भगवान बद्री विशाल के कपाट खुलने से पूर्व क्षेत्र की सुख-समृद्धि के लिए प्रतिवर्ष आयोजित होने वाले इस महायज्ञ में स्थानीय लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है, जो श्रद्धा और भक्ति के साथ प्रभु राम के आदर्शों को आत्मसात कर रहे हैं।

 

You may have missed