18 June 2024

उत्तरकाशी : जिले में 60 जल स्रोतों एवं 20 सहायक नदियों में होगा जल संरक्षण का कार्य, डीएम डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने अधिकारियों को दिए निर्देश

उत्तरकाशी : स्प्रिंग एंड रीवर रिजुविनेशन ऑथोरिटी (सारा) के अधीन संचालित जल संरक्षण अभियान के तहत जिले में 60 जल स्रोतों एवं 20 सहायक नदियों में उपचारात्मक गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। जिसके तहत खन्तियों, चाल-खाल, चैक डैम, रिचार्ज पिट आदि जल संरक्षण संरचनाओं के निर्माण के साथ ही वानस्पतिक उपचार, चारा घास रोपण, वृक्षारोपण कार्य किए जाएंगे। जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने संबंधित विभागों को इस अभियान को गंभीरता से लेने तथा कन्वर्जेंस के माध्यम से जल संरक्षण एवं संवर्द्धन के तय कार्यों को तुरंत शुरू करने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि कार्ययोजना के तहत आरक्षित वन क्षेत्र में किए जाने वाले कार्यों के लिए वन विभाग को जरूरत पड़ने पर जिला योजना मद से धनराशि स्वीकृत किए जाने के साथ ही मनरेगा से कन्वर्जेंस कराने का भी प्रयास किया जाएगा।
जिला मुख्यालय में ‘सारा‘ के तहत जल संरक्षण अभियान की कार्ययोजना की समीक्षा एवं अंतिमीकरण के लिए आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने कहा कि सूख रहे जल स्रोतों एवं सहायक नदियों को संरक्षित करने तथा इनकी जल संग्रहण क्षमता के विस्तार हेतु सभी संबंधित विभागों को मिलजुल कर साझा प्रयास करने होंगे। तभी बेहतर परिणाम हासिल होंगे। जिलाधिकारी ने कहा कि इसके लिए तय कार्ययोजना में यदि अभी भी किसी विभाग के कार्य को सम्मिलित किया जाना हो तो उसके लिए दो दिन के भीतर प्रस्ताव प्रस्तुत कर दिया जाय। अंतिम रूप से सम्मिलित कार्ययोजना के अनुसार आगामी 6 जून से मौके पर कार्य शुरू करने के निर्देश देते हुए कहा कि इस अभियान के तहत तय लक्ष्यों को समयबद्ध रूप से हासिल करने के लिए सभी संबंधित विभाग गंभीरता से जुट जांय।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी जय किशन ने इस अभियान के संचालन व मनरेगा से सहयोग की रूपरेखा प्रस्तुत की। मुख्य कृषि अधिकारी जेपी तिवारी एवं परियोजना निदेशक डीआरडीए पुष्पेन्द्र सिंह चौहान ने ‘सारा‘ की कार्ययोजना का प्रस्तुतिकरण किया। बैठक में डीएफओ टौंस डीपी बलूनी, डीएफओ अपर यमुना रविन्द्र पुण्डीर, अधिशासी अभियंता सिंचाई केएस रावत, जल संस्थान एलसी रमोला, विनोद पाण्डेय, लघु सिंचाई  भरत राम, एई जल निगम टीएस भंडारी, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेन्द्र पटवाल सहित विभिन्न विभागां के अधिकारियों ने भाग लिया।